इतना लिहाज कर लिया ----- दुनिया तेरा परे भी हट !
रहने दो अहह सर्द ही अच्हा है रंग ऐ जर्द ही रहने दो दिल में दर्द ही हमको दवा से कार क्या ! नेकी बदी खुशी गमी जीना थी बामे यार की जीना जरा दो यार का पानी पया के कार क्या ! चाहे कोई अच्हा कहे खा बड़ा बुरा कहे नाचू हु संग शाम के शर्मो हया से कार क्या ! इतना लिहाज कर लिया दुनिया तेरा परे भी हट नाचू हु संग शाम के शर्मो हया से कार क्या !